उत्तर प्रदेश न्यूज21संवाददाता
कानपुर देहात:डेरापुर कानपुर देहात। विकासखंड डेरापुर के गांव परौख जो महामहिम राष्ट्रपति रामनाथ कोविद का पैतृक गांव है यहां कभी पहले 25 साल तक समाजसेवी चिंतक लोहिया वादी जो सोशलिस्ट विचारधारा के रामचन्द्र शुक्ल निर्विरोध व निर्विवाद चुनाव लड़ कर प्रधान बनते रहते थे। आज वह इस धरती पर नहीं है वर्तमान राष्ट्रपति भी उनका सम्मान करते थे। इसके बाद प्रधान की सीट अल्पसंख्याक पिछड़ा वर्ग व अनारक्षित के रूप में घोषित होती रही जबकि इस बार अनुसूचित वर्ग के लिए आरक्षित की गई है। वही उस गांव के तैयारी कर रहे सामान्य अल्पसंख्याक व पिछड़ा वर्ग मायूस है। हालांकि उक्त गांव निवासी भोले सिंह यह मांन रहे थे कि इस बार अनुसूचित सीट रहेगी और वैसा ही हुआ। गांव के लोगों का मानना है कि अगर उनके परिवार का कोई व्यक्ति प्रधानी लड़ता है। तो शायद एक बड़ी जीत और भारी विकास की सम्भावना है। लोगों की गुपचुप बात भी हो रही है। वैसे तो क ई पत्यासी मैदान मेहै। अब जीत-हार का पता माहौल व्यवहार पर तय होगा। चूंकि परौख गांव पदेश का महत्त्व पूर्ण गांव बन चुका है।अब देखो प्रधान कौन बनेगा।
एक टिप्पणी भेजें
If You have any doubts, Please let me know