Top News

औरैया प्रेम संबंधों के कारण दोस्त ने मारी दोस्त को मारी गोली

औरैया प्रेम संबंधों के कारण दोस्त ने मारी दोस्त को मारी गोली

कहते है कि प्यार इंसान को अंधा बना देता है वह प्यार में पागल किसी भी हद तक जा सकता है , ऐसा ही मामला सामने आया औरैया जिले से , जहा एक दोस्त ने अपने दो और साथियों के साथ मिलकर दूसरे दोस्त को गोली मार दी क्योंकि उसे अपने दोस्त पर शक था कि वह उस की गर्लफेंड से बातचीत करता था। घटना को अंजाम देने के बाद तीनों बाइक से फरार हो गए थे , पुलिस ने घायल हुए लड़के को जिला अस्पताल में भर्ती कराया था लेकिन हालत बिगड़ता देख कानपुर रैफर कर दिया , वही आरोपियो की तलाश के लिए एसपी ने 6 टीमें गठित की और 24 घण्टे के भीतर 3 आरोपी लड़को को हिरासत में लिया और जेल भेज दिया सबसे बड़ी बात यह तीनों लड़के कम उम्र के है जिन्होंने पढ़ाई को छोड़ अपराध का रास्ता पकड़ लिया।
 प्यार में पागल एक आशिक ने अपने ही एक दोस्त को मौत के घाट उतारने के लिए उसने अपने साथियों के साथ मिलकर प्लान बनाकर दोस्त को गोली मार दी। लेकिन इस खौफनाक वारदात को अंजाम देने की पीछे की वजह जानकर आप भी हैरान रह जाएंगे कि कोई इतना भी अंधा कैसे हो सकता है वो बिना किसी बात पर इंसान को मौत का रास्ता दिखा दे।

 पूरा मामला औरैया जिले के फफूंद थाना क्षेत्र के जैतपुर गांव का है जहा बीते एक दिन पहले गांव में दिनदहाड़े एक 18 साल के लड़के को कुछ लोगो ने गोली मार दी जिसके बाद इस घटना की जानकारी पुलिस को दी गई मौके पर पहुची पुलिस ने घायल लड़के को जिला अस्पताल में भर्ती कराया लेकिन हालत गम्भीर होता देख उसे कानपुर रेफर कर दिया गया , इधर गांव में खुलेआम गांव के लड़के पर चली गोली से पूरे गांव में दहशत फैल गई घटना की जानकारी लगते ही मौके पर खुद एसपी पहुची और आरोपियो की तलाश के लिए 6 टीमें गठित की गई और इस पूरे मामले की जांच में जुट गई। 

 इधर 24 घण्टे के भीतर पुलिस ने तीनो आरोपियो को हिरासत में लिया जो कि घटना में शामिल थे। पकड़े गए आरोपियो में से मुख्य आरोपी सार्थक तिवारी गोपाल अवस्थी व रजनीश के पास से एक बाइक व 315 बोर का तमंचा बरामद पुलिस ने किया पुलिस की पूछताछ में पकड़े गए आरोपियो ने घटना के पीछे की वजह को बताया जिसमे सार्थक तिवारी ने बताया  कि वह शेखर तिवारी को पहले से जानता था उसको शक था शेखर तिवारी उस की गर्लफ्रैंड से बातचीत करता था जिसको लेकर उसे मारने का प्लान बनाया और अपने साथियों के साथ मिलकर शेखर शुक्ला को मौका देख कर गोली मारी और घटना को अंजाम देकर फरार हो गए। बेहराल पुलिस ने तीनों को जेल भेज दिया है लेकिन सबसे बड़ी बात यह है कि इन तीनो लड़को की उम्र महज 20 से 22 साल की है और यह तीनों अपराधी बन गए।

Post a Comment

If You have any doubts, Please let me know

और नया पुराने