उत्तर प्रदेश न्यूज21संवाददाता नवनीत गुप्ता
0 सन्ता- अरे यार, होली खेलने पर ध्यान कम दे और अपनी गर्लफ्रेण्ड पर अधिक वरना हादसा हो सकता है?
बन्ता- कैसा हादसा?
सन्ता- सोच, यदि वह होली के बहाने किसी और की हो ली तो?
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0 सीमा- अरे भैया, आपका चेहरा तो पूरा लाल है, लगता है होली जलने से पहले ही आपने रंग खेल लिया..
रीमा- ये रंग-वंग नहीं है। दरअसल भैया पड़ोस वाली शालू के साथ होली खेलने को इतने उतावले हो रहे थे कि भाभी ने बगैर रंग के ही इनके गाल लाल कर दिये।
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0 रीता- अरी बहन, ये क्या हुआ तेरे पति को?
नीता- कुछ नहीं, इनका बहुत मन था मेरी मथुरा वाली बहन के साथ होली खेलने का, मैंने तो बहुत मना किया पर ये माने ही नहीं और चले गये।
तो उसने भी इनके साथ लट्ठमार होली खेल ली।
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0 पुलिस (शराबी से)- तुम लोगों ने त्योहारों का सारा म़जा ख़्ाराब करके रख दिया है..
शराबी- क्या करें साहब! मकर संक्रान्ति पर पतंग उड़ाते हैं तो आप बोलते हो पक्षी मर जायेंगे। दीपावली पर पटाखे चलाते हैं तो आप बोलते हो प्रदूषण बढ़ जायेगा। होली पर रंग खेलते हैं तो आप कहते हो पानी बर्बाद होगा। इसलिए हम शराब पीकर ही अपना त्योहार मना लेते हैं।
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0 पति होली की पूरी रात गायब रहने के बाद जब घर पहुँचा तो पत्नी-
पत्नी- हो गयी तुम्हारी दारू पार्टी, अब क्या लेने आये हो?
पति- नमकीन और सोडा।
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