उत्तर प्रदेश न्यूज21संवाददाता
औरैया। परिषदीय विद्यालयों में तैनात सात शिक्षकों के फर्जी अभिलेख लगाकर नौकरी करने का मामला प्रकाश में आया है। टास्क फोर्स की अध्यक्ष एडीएम के निर्देश पर बीएसए ने सातों शिक्षकों की सेवा समाप्ति के आदेश जारी कर दिए हैं।शासन ने वर्ष 2010 के बाद नियुक्ति पाने वाले शिक्षकों के अभिलेखों की जांच कराने के निर्देश दिए थे। डीएम के निर्देश पर एडीएम, एडिशनल एसपी और बीएसए को मिलाकर टास्क फोर्स का गठन किया गया। कमेटी की देखरेख में ऑफलाइन जांच कराई गई। इसमें गोविंद भदौरिया, प्राथमिक विद्यालय वृतझाल ब्लॉक सहार, रितेश कुमार, प्राथमिक विद्यालय निवाजपुर ब्लॉक सहार, आशुतोष दीक्षित, प्राथमिक विद्यालय मधवापुर ब्लॉक सहार, विनोद कुमार, प्राथमिक विद्यालय गौतला ब्लॉक अछल्दा, राहुल सिंह, प्राथमिक विद्यालय लहटौरिया ब्लॉक अछल्दा, लाली, प्राथमिक विद्यालय नवीन नगर, अजीतमल, गौरवजी, प्राथमिक विद्यालय एरवा ब्लॉक एरवाकटरा के अंकपत्रों के रोल नंबर आदि में भिन्नता पाई गई।
डॉ. राममनोहर लोहिया अवध विश्वविद्यालय, अयोध्या में मामले की जांच की गई, जिसमें यह बात सामने आई। संबंधित शिक्षकों को कमेटी के समक्ष उपस्थित होकर स्पष्टीकरण देने का नोटिस दिया गया, लेकिन जवाब दाखिल न करने पर टास्क फोर्स की अध्यक्ष ने बीएसए को सातों शिक्षकों के खिलाफ कार्रवाई के निर्देश दिए। इस पर बीएसए चंदना राम इकबाल ने सातों शिक्षकों की सेवा समाप्त करने का आदेश जारी कर दिया।
إرسال تعليق
If You have any doubts, Please let me know